
हरि न्यूज
हरिद्वार। देहरादून के परेड ग्राउंड में 17 जुलाई को कांग्रेस नेता राहुल गांधी के प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम की अनुमति स्थगित किए जाने के विरोध में बुधवार को हरिद्वार महानगर कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ताओं ने देवपुरा चौक पर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताया तथा कार्यक्रम की अनुमति तत्काल बहाल करने की मांग की। प्रदर्शन का नेतृत्व महानगर कांग्रेस अध्यक्ष अमन गर्ग ने किया।

प्रदर्शन को संबोधित करते हुए अमन गर्ग ने कहा कि राहुल गांधी के कार्यक्रम की अनुमति स्थगित करना पूरी तरह अलोकतांत्रिक कदम है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है, लेकिन कांग्रेस लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करती रहेगी। उन्होंने कहा कि जनता और युवाओं की आवाज को प्रशासनिक निर्णयों के जरिए नहीं दबाया जा सकता।
कांग्रेस नेता मुरली मनोहर ने कहा कि छात्रों और युवाओं की आवाज को दबाने का प्रयास लोकतंत्र की भावना के विपरीत है। सरकार को राजनीतिक भेदभाव से ऊपर उठकर सभी दलों के साथ समान व्यवहार करना चाहिए और लोकतांत्रिक परंपराओं का सम्मान करना चाहिए।
वरिष्ठ कांग्रेस नेता महेश प्रताप राणा ने कहा कि छात्र और युवा अपने मुद्दों पर राहुल गांधी से संवाद करना चाहते हैं, लेकिन सरकार प्रशासनिक फैसलों के माध्यम से कार्यक्रमों में बाधा उत्पन्न कर रही है। उन्होंने कहा कि यह स्वस्थ लोकतांत्रिक व्यवस्था के अनुरूप नहीं है।
कांग्रेस नेता वरुण बालियान ने कहा कि कांग्रेस हमेशा जनता और युवाओं के मुद्दों को प्रमुखता से उठाती रही है और आगे भी उठाती रहेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता किसी भी दबाव के आगे झुकने वाले नहीं हैं और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
प्रदर्शन में पार्षद विवेक भूषण विक्की, हिमांशु गुप्ता, सोहित सेठी, नोमान अंसारी, पूर्व पार्षद राजीव भार्गव, ब्लॉक अध्यक्ष अजय गिरी, महानगर कांग्रेस महासचिव तुषार कपिल, अरुण प्रकाश राघव, अकरम अंसारी, तरुण व्यास, नवीन सेंस, हिमांशु राजपूत, ऋषभ वशिष्ठ, करन सिंह राणा, आशीष प्रधान, सतेंद्र वर्मा, अरुण चौहान, आशीष पंवार, अज्जू खान, मोहित अरोड़ा, रामबाबू बंसल, नवीन भाटिया, अयान सैफी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
